नजरिया. बहुजन समाजवादी पार्टी प्रमुख मायावती ने बेरोजगारी शीर्ष पर और विकास दर न्यूनतम होने विषयक आंकड़ों के हवाले से केंद्र में पीएम मोदी सरकार को फिर से जिताने वाले गरीब और बेरोजगारों पर शब्दबाण चलाए हैं कि... अब पछताने से क्या होगा? जब चिड़िया चुग गयी खेत! मायावती ने ट्वीट किया- श्रम मंत्रालय ने लोकसभा चुनाव के बाद अब अपने डाटा से इस बुरी खबर को प्रमाणित कर दिया है कि देश में बेरोजगारी की दर पिछले 45 सालों में सबसे अधिक 6.1 प्रतिशत हो चुकी है, परन्तु गरीबी और बेरोजगारी के शिकार करोड़ों लोगों के अब पछताने से क्या होगा, जब चिड़िया चुग गई खेत!

देश की विकास दर घट कर न्यूनतम स्तर पर पहुंचने के बारे में मायावती का कहना है कि- देश के लिए यह भी अच्छी खबर नहीं है कि भारत के आर्थिक विकास की दर घट कर 5.8 पर आ गई, जो बहुत नीचे है? खबर है कि... मायावती मानती हैं कि इसका कारण कृषि विकास दर में गिरावट ही है, सकल घरेलू उत्पाद विकास की यह दर कृषि और फैक्ट्री उत्पाद में भारी गिरावट का नतीजा है.

उनका सवाल है कि- पहले से ही काफी त्रस्त देश की गरीब जनता के जीवन का सही कल्याण कैसे होगा? यह सही है कि सियासी प्रबंधन के दम पर बीजेपी ने गरीबी और बेरोजगारी के मुद्दे दबाने में काफी हद तक कामयाबी हांसिल की और परिणाम बदलते चले गए, लेकिन बड़ा प्रश्न यह है कि कांग्रेस को गठबंधन से अलग रख कर गैर-भाजपाई वोटों के बिखराव का फायदा बीजेपी को किसने दिया? मायावती थोड़ी जानकारी इस पर भी देती तो बेहतर होता!

आज का दिन : ज्योतिष की नज़र में


जानिए कैसा रहेगा आपका भविष्य


खबर : चर्चा में


1. RBI के खिलाफ आजादी के बाद पहली बार सरकार ने किया विशेष शक्ति का इस्तेमाल

2. CM योगी का राम मंदिर पर बड़ा बयान- धैर्य रखें, दिवाली पर खुशखबरी दूंगा

3. मध्यप्रदेश स्थापना दिवस विशेष...देखें हैं रंग हजार

4. न्यूनतम वेतन पर 'आप' की जीत, दिल्ली हाईकोर्ट के फैसले पर SC ने लगाई रोक

5. सार्वजनिक वाहनों में अब जरूरी होगा लोकेशन ट्रेकिंग एवं आपात बटन

6. 50 पैसे का ये दुर्लभ सिक्का आपको दिला सकता है 51 हजार 500 रुपए, जानें कैसे

7. ईज ऑफ डुइंग बिजनेस: भारत 23 पायदान की छलांग लगा 100 से पहुंचा 77 वें स्थान पर

8. दिवाली पर घर जाने के लिए ऐसे कराएं कन्फर्म तत्काल टिकट

9. MeToo:HC ने खारिज की छानबीन के लिए निर्देश की मांग वाली याचिका

10. भारत में आर्थिक वृद्धि सुनिश्चित करने एक दशक में 10 करोड़ नए रोजगार की जरूरत

11. मंगलनाथ की भात पूजा सहित इन उपायों से कर्ज संकट कम होता

************************************************************************************




Disclaimer : इस न्यूज़ पोर्टल को बेहतर बनाने में सहायता करें और किसी खबर या अंश मे कोई गलती हो या सूचना / तथ्य में कोई कमी हो अथवा कोई कॉपीराइट आपत्ति हो तो वह info@palpalindia.com पर सूचित करें। साथ ही साथ पूरी जानकारी तथ्य के साथ दें। जिससे आलेख को सही किया जा सके या हटाया जा सके ।