जयपुर. राजस्थान का एक समाज रक्षाबंधन को बलिदान दिवस के रूप में मनाता है. यह राजस्थान का पालीवाल समाज है. पालीवाल समाज 730 साल से रक्षाबंधन को महमूद गजनवी द्वारा किए गए नरसंहार को बलिदान दिवस के रूप में मनाता है. जोधपुर में पालीवाल समाज के शहीदों को आज शहीद स्मारक पर दीप दान कर श्रद्धांजलि दी गई. इस मौके पर बड़ी संख्या में समाज के युवा मौजूद रहे. समाजसेवी गणेश पालीवाल ने बताया कि बड़े बुजुगों की मानें और इतिहास के पन्ने टटोले तो पाली जिले में पालीवाल जाति के हजारों परिवार रहते थे.

हर तरह से संपन्न होने के कारण इनकी देशभर में धनवान के रूप में पहचान रही है, लेकिन सन 1368 में महमूद गजनवी सोमनाथ जा रहा था, तो उसे पालीवालों की संपन्नता रास नहीं आई और रक्षाबंधन के दिन ही समाज पर हमला कर लूट खसोट की थी. गजनवी ने इस हमले में हजारों स्त्री-पुरुषों का कत्ल किया, जिसने पालीवाल समाज को पाली छोड़ने को मजबूर कर दिया. गणेश पालीवाल ने बताया कि नरसंहार ऐसा था कि घटना स्थल पर सवा मण (करीब 50 किलो) पवित्र जनेऊ शहीदों के शरीर से उतरी. साथ ही 9 मण (करीब 360 किलो) विवाहिताओं के सुहाग का प्रतीक चूड़े मिले.

आज का दिन : ज्योतिष की नज़र में


जानिए कैसा रहेगा आपका भविष्य


खबर : चर्चा में


1. माना की पीएम मोदी बहादुर हैं, पर प्रेस से क्यों दूर हैं?

2. कैशलेस पर भरोसा नहीं? लोगों के हाथ में रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा कैश

3. अमरनाथ यात्रा के लिए जम्मू-कश्मीर सरकार ने मांगे 22 हजार अतिरिक्त जवान

4. कीनिया को रौंदकर भारत ने हीरो इंटर कांटिनेंटल फुटबॉल कप जीता

5. SCO समिट- भारत समेत कई देशों के बीच महत्वपूर्ण एग्रीमेंट, PM मोदी ने दिया सुरक्षा मंत्र

6. ट्रंप से मुलाकात के लिए उत्तर कोरिया से चाइना होते हुए सिंगापुर पहुंचे किम जोंग

7. उच्च शिक्षा की गुणवत्ता को बेहतर बनाने यूजीसी बड़े बदलाव की तैयारी में

8. सुपर 30 का दबदबा कायम आईआईटी प्रवेश परीक्षा में 26 छात्र सफल

9. रेलवे बोर्ड चेयरमैन अश्विनी लोहानी, भोपाल से लोकसभा का चुनाव लड़ेंगे.?

10. क्या आप भी पूजा-पाठ करने के लिए स्टील के लोटे का करते हैं इस्तेमाल?पहले जान लें ये बात

11. काम में मन नहीं लगता तो यह करें उपाय

************************************************************************************




Disclaimer : इस न्यूज़ पोर्टल को बेहतर बनाने में सहायता करें और किसी खबर या अंश मे कोई गलती हो या सूचना / तथ्य में कोई कमी हो अथवा कोई कॉपीराइट आपत्ति हो तो वह info@palpalindia.com पर सूचित करें। साथ ही साथ पूरी जानकारी तथ्य के साथ दें। जिससे आलेख को सही किया जा सके या हटाया जा सके ।